अपने प्रोजेक्ट में खुद का किरदार प्रियंका चोपड़ा जोनस द्वारा निभाने पर मां आनंद शीला ने किया रिएक्ट, कहा- 'मेरे पास किसी को जज करने की क्षमता नहीं है'

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मां आनंद शीला 1981- 1985 के दौरान भगवान श्री रजनीश 'ओशो' की पर्सनल सेक्रेट्री रही थीं और वह अमेरिका की वास्को काउंटी, ऑरेगोन में उनके 'रजनीशपुरम आश्रम' की देखभाल भी करती थीं. वहीं लगता है मां आनंद शीला में भारतीय फिल्ममेकर्स की रुचि बढ़ती जा रही है, क्योंकि फिल्ममेकर्स उनके जीवन पर आधारित शो और फिल्में बनाने के इच्छुक हो रहे है. साल 2018 में रिलीज़ हुई वाइल्ड वाइल्ड कंट्री नामक नेटफ्लिक्स की डॉक्यूमेंट्री सीरीज़ के बाद, मा आनंद शीला या शीला बिर्न्स्टियल का जीवन तलाशने के लिए एक दिलचस्प विषय बन गया है. 22 अप्रैल को, सर्चिंग फॉर शीला नामक एक डॉक्यूमेंट्री नेटफ्लिक्स पर रिलीज़ होने जा रही है. शकुन बत्रा इस प्रोजेक्ट में एक्जीक्यूटिव प्रोड्यूसर है और ये डॉक्यूमेंट्री करण जौहर के धर्माटिक एंटरटेनमेंट के बैनल तले बनी है. 

सर्चिंग फॉर शिला की रिलीज से पहले शकुन और मां शीला ने प्रियंका चोपड़ा जोनस के बारे में बात की, जो इसी विषय पर आधारित प्रोजेक्ट में अभिनय कर रही थी. वहीं शकुन भी शीला पर बेस्ड एक सीरीज पर भी काम कर रहे है जिसमें आलिया भट्ट शामिल हो सकती हैं. प्रतिद्वंद्वी परियोजना के बारे में बात करते हुए, शकुन ने कहा, 'यह एक अलग शो है, जिस पर प्रियंका काम कर रही हैं. लोग इस कहानी को बताना चाहते हैं, और मैं देख सकता हूं कि हर कोई इतना उत्सुक क्यों है, और मुझे यकीन है कि हर किसी की अपनी अपनी पसंद है.' वहीं शकुन ने ये भी कहा कि वह नहीं चाहते कि कोई भी प्रोजेक्ट शीला के जीवन के केवल 'सतही' पहलुओं को लेकर हो. 
 

वहीं शीला ने कहा,  'मैं उस मुद्दे को जज नहीं कर सकती हूं. मेरे पास किसी की भूमिका को आंकने की कोई क्षमता नहीं है. मैं केवल इतना कह सकती हूं कि, मैं नेचुरल हूं और शकुन के लिए किसी को मेरे किरदार के लिए तलाशने का टास्क बहुत मुश्किल होगा'

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साल 2019 में, शीला ने प्रियंका को उनकी अनुमति के बिना उनके प्रोजेक्ट करने के लिए कानूनी नोटिस भेजा था. इस बारे में बात करते हुए शीला ने कहा कि, 'मैंने उनसे कहा था कि मैं उन्हे फिल्म करने की अनुमति नहीं दी थी और ना ही मैंने उन्हे अपने किरदार को निभाने के लिए चुना है. स्विट्जरलैंड में, हम कानूनी नोटिस बहुत सरलता से भेजते हैं. मैंने उन्हे एक ईमेल भेजा था. वहाँ इसे ही कानूनी रूप में स्वीकार किया जाता है.' वहीं शीला मां ने अपनी बायोपिक में आलिया को देखने की इच्छा व्यक्त करते हुए कहा कि,  'मुझे लगता है कि उनके पास वह स्पंक है जो मेरे पास था. स्पंक बहुत आवश्यक है और यह बहुत स्वाभाविक है, यह बनावटी नहीं है, कॉस्मेटिक नहीं है, यह वास्तविक है.'
बता दें कि, रिपोर्ट के मुताबिक शीला एक स्प्रिचुअल एडवाइजर थीं और ऑरेगोन के 1984 रजनीश बायोटेरर अटैक की दोषी पाई गई थीं। शीला को 20 साल की सजा हुई, जिसके 39 महीने बाद उन्हें पैरोल मिल गई और उन्होंने स्विट्जरलैंड जाकर शादी कर ली. उन्होंने वहां दो नर्सिंग होम भी खरीदे थे. 1999 में शीला को एक स्विस कोर्ट की तरफ से 1985 में यूएस फेडरल प्रॉसिक्यूटर चार्ल्स टर्नर के मर्डर की साजिश रचने का दोषी भी पाया गया था. कहा जाता है कि उन्होंने अपने पहले हसबैंड को एक इंजेक्शन देकर मार दिया था. उनके दूसरे हसबैंड की मौत शादी के कुछ वक्त बाद 'एड्स' के चलते हो गई थी.
(Source: Film Companion/ Hindustan Times)

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